
रायपुर। स्वच्छ भारत मिशन ग्रामीण के तहत व्यक्तिगत शौचालय की सुविधा ने छत्तीसगढ़ के राजनांदगांव जिले के छुरिया विकासखंड के ग्राम पंचायत लक्ष्मणभरदा निवासी कुमारी बाई के परिवार की जिंदगी में सकारात्मक बदलाव लाया है। घर में शौचालय बनने से परिवार को खुले में शौच की समस्या से मुक्ति मिली है। खासकर महिलाओं को अब सुरक्षित और गरिमापूर्ण वातावरण मिल रहा है।
जनदर्शन से शुरू हुई प्रक्रिया, मिली 12 हजार रुपये की सहायता
ग्राम पंचायत लक्ष्मणभरदा में जनदर्शन के दौरान प्राप्त आवेदनों के आधार पर पात्र परिवारों के चयन की प्रक्रिया शुरू की गई। ग्रामसभा से अनुमोदन और सत्यापन के बाद पात्र हितग्राहियों के लिए व्यक्तिगत शौचालय निर्माण की स्वीकृति दी गई। इसी प्रक्रिया में कुमारी बाई के परिवार का भी चयन हुआ।
शौचालय निर्माण के लिए परिवार को 12 हजार रुपये की सहायता राशि प्रदान की गई। निर्माण पूरा होने के बाद परिवार के सदस्यों को शौचालय के नियमित उपयोग और साफ-सफाई के प्रति भी जागरूक किया गया।
बीमारियों में कमी, इलाज पर खर्च भी घटा
घर में शौचालय बनने के बाद कुमारी बाई के परिवार की दिनचर्या में बड़ा बदलाव आया है। अब परिवार के सदस्यों को शौच के लिए घर से बाहर नहीं जाना पड़ता। कुमारी बाई के अनुसार, स्वच्छ वातावरण मिलने से बच्चों में दस्त और अन्य मौसमी बीमारियों की आशंका कम हुई है।
बीमारियां कम होने से दवाइयों और इलाज पर होने वाला खर्च भी घटा है। साथ ही बीमारी के कारण काम से छुट्टी लेने की जरूरत कम हुई, जिससे परिवार की आजीविका और आर्थिक स्थिति पर भी सकारात्मक प्रभाव पड़ा है।
डोर-टू-डोर कचरा संग्रहण से गांव में स्वच्छता
ग्राम पंचायत लक्ष्मणभरदा में व्यक्तिगत शौचालय निर्माण के साथ ठोस अपशिष्ट प्रबंधन पर भी विशेष ध्यान दिया जा रहा है। गांव में डोर-टू-डोर कचरा संग्रहण की व्यवस्था है। स्वच्छता दीदियां प्रत्येक सप्ताह बुधवार और शनिवार को घर-घर पहुंचकर कचरा एकत्र करती हैं।
शौचालय की सुविधा और नियमित कचरा संग्रहण से गांव में स्वच्छता को बढ़ावा मिल रहा है। कुमारी बाई के परिवार में आया यह बदलाव अन्य ग्रामीणों को भी स्वच्छता अपनाने के लिए प्रेरित कर रहा है।
कुमारी बाई ने अपने परिवार को सुरक्षित, स्वस्थ और सम्मानजनक जीवन देने में मदद के लिए प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और मुख्यमंत्री विष्णु देव साय के प्रति आभार व्यक्त किया है।



