चंद्रशेखर आजाद जयंती 2026: अमर क्रांतिकारी को देशभर में श्रद्धांजलि, वीरता को किया नमन

नई दिल्ली, 23 जुलाई 2026। भारत के महान क्रांतिकारी और अमर स्वतंत्रता सेनानी चंद्रशेखर आज़ाद की आज 120वीं जयंती पूरे देश में श्रद्धा और सम्मान के साथ मनाई गई। इस अवसर पर विभिन्न राज्यों में श्रद्धांजलि सभाएं, नेताओं, सामाजिक संगठनों और आम नागरिकों ने आज़ाद के अदम्य साहस, बलिदान और राष्ट्रभक्ति को नमन किया।
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म ‘एक्स’ पर चंद्रशेखर आजाद को नमन करते हुए कहा कि उनका अदम्य साहस, अटूट देशभक्ति और राष्ट्र के प्रति समर्पण भारत के स्वतंत्रता संग्राम के इतिहास में सदैव प्रेरणा का स्रोत रहेगा। उन्होंने कहा कि आजाद ने अपने जीवन और बलिदान से अनगिनत युवाओं में राष्ट्रभक्ति की भावना जगाई।
चंद्रशेखर आजाद का जन्म 23 जुलाई 1906 को मध्य प्रदेश के भाबरा (वर्तमान चंद्रशेखर आजाद नगर) में हुआ था। किशोरावस्था में असहयोग आंदोलन के दौरान गिरफ्तारी के समय उन्होंने अपना नाम “आजाद”, पिता का नाम “स्वतंत्रता” और पता “जेल” बताया था। तभी से वे पूरे देश में चंद्रशेखर आजाद के नाम से प्रसिद्ध हो गए।
भगत सिंह, राजगुरु और सुखदेव जैसे क्रांतिकारियों के साथ मिलकर उन्होंने ब्रिटिश शासन के खिलाफ संघर्ष को नई दिशा दी। उनका संकल्प था कि वे अंग्रेजों के हाथ कभी जीवित नहीं आएंगे और 27 फरवरी 1931 को इलाहाबाद के अल्फ्रेड पार्क (वर्तमान चंद्रशेखर आजाद पार्क) में उन्होंने अंतिम गोली स्वयं पर चलाकर अपने इस वचन को निभाया।
चंद्रशेखर आज़ाद का जीवन आज भी युवाओं के लिए साहस, स्वाभिमान और राष्ट्रभक्ति का प्रेरणास्रोत है। उनकी जयंती पर देशभर में लोगों ने उनके बलिदान को याद करते हुए राष्ट्र निर्माण और देशभक्ति की भावना को मजबूत करने का संकल्प लिया।



