बाल विवाह और बाल श्रम पर जागरूकता: विद्यार्थियों को बताए अधिकार, सुरक्षा और कानूनी प्रावधान

रायपुर, 25 अगस्त 2026। जांजगीर-चांपा जिले में बच्चों के अधिकार, सुरक्षा और संरक्षण को लेकर महिला एवं बाल विकास विभाग द्वारा लगातार जागरूकता अभियान चलाया जा रहा है। चाइल्ड हेल्पलाइन 1098 के माध्यम से विद्यालयों में आयोजित कार्यक्रमों में विद्यार्थियों को बाल अधिकारों के साथ-साथ बाल विवाह, बाल श्रम, बाल तस्करी और शोषण से बचाव के उपाय बताए जा रहे हैं।
इसी क्रम में शासकीय पूर्व माध्यमिक विद्यालय लक्ष्मीबाई, चांपा और शासकीय उच्चतर माध्यमिक विद्यालय खोखरा में विशेष जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किया गया। चाइल्ड हेल्पलाइन टीम ने विद्यार्थियों को बाल संरक्षण, बाल सुरक्षा और बच्चों से जुड़े विभिन्न कानूनी प्रावधानों की जानकारी दी।

संकट में बच्चों के लिए 24 घंटे उपलब्ध है 1098
कार्यक्रम में विद्यार्थियों को बताया गया कि चाइल्ड हेल्पलाइन 1098 बच्चों के लिए 24 घंटे और सप्ताह के सातों दिन संचालित निःशुल्क आपातकालीन सेवा है। अनाथ, बेसहारा, बाल श्रम में संलिप्त, बाल विवाह की आशंका वाले, शोषण या दुर्व्यवहार से प्रभावित तथा किसी अन्य संकट में फंसे बच्चों की सूचना 1098 पर दी जा सकती है।
सूचना मिलने पर संबंधित टीम द्वारा त्वरित हस्तक्षेप कर बच्चे को आवश्यक संरक्षण और पुनर्वास सेवाएं उपलब्ध कराने की कार्रवाई की जाती है।
सुरक्षित और असुरक्षित स्पर्श की भी दी जानकारी
जागरूकता कार्यक्रम के दौरान विद्यार्थियों को सुरक्षित एवं असुरक्षित स्पर्श के बारे में भी समझाया गया। बच्चों को बहला-फुसलाकर ले जाने, नशीले पदार्थों के दुरुपयोग, बाल तस्करी और किसी भी प्रकार के उत्पीड़न से बचने के उपाय बताए गए।
विद्यार्थियों से कहा गया कि किसी विपरीत परिस्थिति में डरने के बजाय तत्काल माता-पिता, शिक्षक या किसी विश्वसनीय वयस्क को इसकी जानकारी दें। जरूरत पड़ने पर चाइल्ड हेल्पलाइन 1098 से संपर्क करें।
वीडियो और संवाद के जरिए समझाए गए अधिकार
कार्यक्रम में वीडियो प्रस्तुति और संवादात्मक सत्र के माध्यम से विद्यार्थियों को बाल संरक्षण से जुड़े विभिन्न विषयों की जानकारी दी गई। विद्यार्थियों ने भी बाल सुरक्षा से संबंधित सवाल पूछे, जिनका चाइल्ड हेल्पलाइन टीम के सदस्यों ने विस्तार से समाधान किया।
कार्यक्रम में विद्यालय के शिक्षक-शिक्षिकाओं, कर्मचारियों और विद्यार्थियों ने सक्रिय सहभागिता निभाई।
सामूहिक सहभागिता से ही मजबूत होगा बाल संरक्षण
चाइल्ड हेल्पलाइन परियोजना समन्वयक विष्णु श्रीवास, काउंसलर अल्का फॉक, केस वर्कर डानी सोनवानी एवं भागीदारी सिदार ने विद्यार्थियों को बाल अधिकार, बाल सुरक्षा, बाल विवाह निषेध, बाल श्रम उन्मूलन और चाइल्ड हेल्पलाइन 1098 की सेवाओं के बारे में जानकारी दी।
चाइल्ड हेल्पलाइन टीम ने नागरिकों से अपील की कि यदि कोई बच्चा बाल श्रम, बाल विवाह, भीख मांगने, सड़क पर रहने, शोषण, उपेक्षा, लापता होने या किसी अन्य संकटपूर्ण स्थिति में दिखाई दे तो तत्काल 1098 पर सूचना दें। इसके अलावा +91-9827771819 और +91-8963997174 पर भी जानकारी दी जा सकती है।
टीम ने कहा कि बच्चों की सुरक्षा और संरक्षण सुनिश्चित करने के लिए समाज के हर वर्ग की सजगता और सक्रिय सहभागिता जरूरी है



